देवघर। AIIMS देवघर प्रशासन ने अस्पताल परिसर में मरीजों को निजी लैब में जांच कराने के लिए ले जाने की गतिविधियों पर सख्ती बरतने की तैयारी की है। अस्पताल प्रशासन की ओर से निगरानी बढ़ाने के लिए एक विशेष टीम गठित किए जाने की बात सामने आई है।
जानकारी के अनुसार, अस्पताल में इलाज के लिए आने वाले मरीजों और उनके परिजनों को निजी लैब में जांच कराने के लिए ले जाने वाले बिचौलियों तथा प्राइवेट लैब से जुड़े कर्मचारियों की गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी। अस्पताल परिसर, ओपीडी और जांच केंद्रों के आसपास विशेष निगरानी की जाएगी।
प्रशासन का उद्देश्य मरीजों को अनावश्यक रूप से अस्पताल परिसर से बाहर जांच कराने के लिए भेजे जाने पर रोक लगाना है। यदि कोई व्यक्ति मरीज या उसके परिजन को बहला-फुसलाकर बाहर जांच कराने के लिए ले जाता पाया गया, तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।
AIIMS देवघर की वेबसाइट पर अस्पताल की विभिन्न जांचों की शुल्क सूची भी उपलब्ध है, जिसमें कई जांचों की निर्धारित दरें दी गई हैं।
अस्पताल प्रशासन की ओर से मरीजों और उनके परिजनों से भी अपील की गई है कि वे किसी अनजान व्यक्ति के कहने पर जांच के लिए बाहर न जाएं और किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि की जानकारी अस्पताल प्रशासन को दें।
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